इन भाषाओं में देखिए:

पाक रूह हम

पाक रूह हम येसू के प्यासे हैं 
ख़ाली दामन हैं ख़ाली कासे1 हैं
कोई तश्ना2 यहाँ से न लौटे
झोलियाँ ख़ूब भरना चाहते हैं

तेरी सूरत ख़ुदा की सूरत है
तेरी सीरत मसीह की सीरत है
कर करम आज अपने लोगों पर
पाक येसू से मिलना चाहते हैं

ऐ ख़ुदा रूह हमें सिखाता जा
ग़लबा3 मूज़ी4 पे तू दिलाता जा
साथ ईमान भी बढ़ाता जा
हाथ अपने उठाए आते हैं

तेरी साँसें ख़ुदा की साँसें हैं
तेरी बातें मसह की बातें हैं
बंधनों से रिहाई पाएँगे
ख़ून-ए-येसू से धुलना चाहते हैं
  1. कासा : पियला, कटोरा ↩︎
  2. तश्ना : प्यासा, उत्सुक, चाहत से भरा ↩︎
  3. ग़लबा : विजय, जीत, क़ाबू ↩︎
  4. मूज़ी : कष्ट दिलानेवाला, हानिकारक, कठोर, पीड़ा पहुँचाने वाला, ख़तरनाक चीज़ ↩︎